घर के पास PNG पाइपलाइन होने पर अनिवार्य होगा कनेक्शन, सिलेंडर नहीं मिलेगा
घर के पास PNG पाइपलाइन होने पर अनिवार्य होगा कनेक्शन, सिलेंडर नहीं मिलेगा
घर के पास PNG पाइपलाइन होने पर अनिवार्य होगा कनेक्शन, सिलेंडर नहीं मिलेगा – केंद्र का बड़ा फैसला
रांची/नई दिल्ली:
केंद्र सरकार ने एलपीजी (PNG) के उपयोग को बढ़ावा देने और गैस वितरण प्रणाली को अधिक सुरक्षित एवं प्रभावी बनाने के लिए एक बड़ा निर्णय लिया है। अब जिन घरों के पास पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) की पाइपलाइन उपलब्ध होगी, उन्हें अनिवार्य रूप से कनेक्शन लेना होगा। ऐसे उपभोक्ताओं को एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध नहीं कराया जाएगा।
सरकार का यह फैसला गैस सब्सिडी के बेहतर उपयोग, दुर्घटनाओं में कमी और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। पेट्रोलियम मंत्रालय के अनुसार, शहरी क्षेत्रों में पीएनजी नेटवर्क का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, जिससे उपभोक्ताओं को सुरक्षित और निरंतर गैस आपूर्ति मिल सके।
48 घंटे में मिलेगा कनेक्शन
नई व्यवस्था के तहत, उपभोक्ताओं को आवेदन करने के 48 घंटे के भीतर पीएनजी कनेक्शन प्रदान किया जाएगा। इसके लिए कंपनियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं कि प्रक्रिया को सरल और तेज बनाया जाए।
18,000 घरों में शुरू हुआ उपयोग
रांची समेत कई शहरों में पीएनजी का विस्तार तेजी से हो रहा है। जानकारी के अनुसार, रांची में लगभग 18,000 घरों में पीएनजी का उपयोग शुरू हो चुका है। आने वाले समय में इस संख्या को और बढ़ाने की योजना है।
एलपीजी पर निर्भरता घटेगी
सरकार का मानना है कि इस कदम से एलपीजी सिलेंडर पर निर्भरता कम होगी और गैस वितरण प्रणाली अधिक पारदर्शी बनेगी। साथ ही, गैस लीकेज और सिलेंडर से जुड़े हादसों में भी कमी आएगी।
उपभोक्ताओं को क्या करना होगा?
जिन क्षेत्रों में पीएनजी पाइपलाइन उपलब्ध है, वहां के लोगों को कनेक्शन लेना अनिवार्य होगा
एलपीजी सिलेंडर बंद कर दिया जाएगा
आवेदन प्रक्रिया आसान और ऑनलाइन उपलब्ध होगी
सरकार का उद्देश्य
इस योजना का मुख्य उद्देश्य “एक देश, एक गैस ग्रिड” को मजबूत करना है, जिससे सभी नागरिकों को सस्ती, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल गैस सुविधा मिल सके।
केंद्र सरकार का यह फैसला ऊर्जा क्षेत्र में बड़ा बदलाव माना जा रहा है। आने वाले समय में शहरी क्षेत्रों में एलपीजी की जगह पीएनजी पूरी तरह ले सकती है, जिससे उपभोक्ताओं को सुविधा के साथ सुरक्षा भी मिलेगी


